एशियन गेम्स में स्वर्ण पदक जीतने वाली संजू देवी का मुख्यमंत्री ने किया सम्मान, 51 लाख रुपये की प्रोत्साहन राशि का ऐलान
रायपुर। एशियन गेम्स 2026 में भारतीय महिला कबड्डी टीम को स्वर्ण पदक दिलाने में अहम भूमिका निभाने वाली छत्तीसगढ़ की बेटी संजू देवी का मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने सम्मान किया। मुख्यमंत्री निवास में हुई मुलाकात के दौरान मुख्यमंत्री ने संजू देवी को उनकी शानदार उपलब्धि पर बधाई देते हुए 51 लाख रुपये की प्रोत्साहन राशि देने की घोषणा की।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा कि संजू देवी ने अपने शानदार खेल, कठिन परिश्रम और दृढ़ संकल्प के दम पर अंतरराष्ट्रीय मंच पर छत्तीसगढ़ और देश का गौरव बढ़ाया है। उनकी सफलता प्रदेश की बेटियों और युवा खिलाड़ियों के लिए प्रेरणा है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि छत्तीसगढ़ में खेल प्रतिभाओं की कमी नहीं है। जरूरत उन्हें बेहतर प्रशिक्षण, संसाधन और अवसर उपलब्ध कराने की है। राज्य सरकार का प्रयास है कि प्रदेश के खिलाड़ियों को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं के लिए बेहतर सुविधाएं और प्रोत्साहन मिले।
कोरबा की संजू देवी भारतीय टीम का हिस्सा
एशियन गेम्स 2026 की महिला कबड्डी स्पर्धा में भारतीय टीम ने फाइनल मुकाबले में ईरान को हराकर स्वर्ण पदक अपने नाम किया। इस ऐतिहासिक जीत में कोरबा जिले की संजू देवी भी भारतीय टीम का हिस्सा रहीं। उनकी इस उपलब्धि से छत्तीसगढ़ में खुशी का माहौल है।
मुख्यमंत्री ने संजू देवी से एशियन गेम्स के अनुभवों और भारतीय टीम के प्रदर्शन को लेकर भी बातचीत की।
गांव और छोटे शहरों के खिलाड़ियों को मिलेगा हौसला
मुख्यमंत्री साय ने कहा कि किसी खिलाड़ी की सफलता केवल उसकी व्यक्तिगत उपलब्धि नहीं होती, बल्कि इससे हजारों युवा खिलाड़ियों के सपनों को नई उड़ान मिलती है। संजू देवी की सफलता प्रदेश के गांवों और छोटे शहरों में खेल के क्षेत्र में आगे बढ़ने का सपना देखने वाले बच्चों और युवाओं का आत्मविश्वास बढ़ाएगी।
उन्होंने कहा कि राज्य सरकार का संकल्प है कि छत्तीसगढ़ के दूरस्थ अंचलों से निकलने वाली खेल प्रतिभाओं को अपनी क्षमता निखारने और राष्ट्रीय-अंतरराष्ट्रीय मंच तक पहुंचने के पर्याप्त अवसर मिलें।
संजू देवी ने जताया आभार
संजू देवी ने मुख्यमंत्री की ओर से मिले सम्मान और प्रोत्साहन के लिए आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार की ओर से मिलने वाला यह प्रोत्साहन उन्हें भविष्य में और बेहतर प्रदर्शन करने के लिए प्रेरित करेगा।
संजू देवी की उपलब्धि अब छत्तीसगढ़ की नई पीढ़ी के खिलाड़ियों के लिए मेहनत, संघर्ष और सफलता की प्रेरक मिसाल बन गई है।


