नगर निगम में भवन निर्माण अनुमति शाखा बन गया अवैध वसूली का अड्डा, नियमितीकरण के नाम पर पहले नोटिस, दस्तावेज होने के बाद भी वसूला गया रिश्वत: लखन लाल देवांगन
भाजपा प्रत्याशी पूर्व महापौर देवांगन का आरोप: नियमितीकरण के नाम पर धक्के खाते रही जनता, कांग्रेस निगम में जब से काबिज बिना सेवा शुल्क के नहीं होता काम, गुमटी लगाने वालों को भी नहीं छोड़ा

कोरबा। नगर निगम कोरबा में जब से कांग्रेस की सरकार बनी है तब से रिश्वतखोरी चरम पर है, कोई भी काम हो बिना सेवा शुल्क नहीं होता। इस वजह से शहरी क्षेत्र के नागरिक परेशान है। भवन निर्माण अनुमति शाखा आम जनता के मदद के लिए होता है लेकिन यह अवैध वसूली का अड्डा बन गया है। संरक्षण प्राप्त होने पर अधिकारी नियमितीकरण के नाम पर पहले तो नोटिस भेजते हैं और बाद में सभी दस्तावेज होने के बाद सेवा शुल्क लिया जाता है। जनता पर किए जा रहे ऐसे शोषण का सबक विधानसभा चुनाव में कांग्रेस को भुगतना पड़ेगा।
उक्त बात कोरबा विधानसभा के भाजपा प्रत्याशी लखन लाल देवांगन ने बुधवार को जनसंपर्क के दौरान कही । उन्होंने कहा कि नियतिकरण में पार्किंग के नाम पर व्यापारियों से लाखों रुपए की अवैध वसूली की गई है। एनओसी के नाम पर भी वसूली चल रही है। आम नागरिक अनुमति और नियमितीकरण के लिए चक्कर काटने के लिए मजबूर है। दूसरी ओर गरीब जनता अगर छोटा सा झोपड़ी भी बढ़ना शुरू करता है तो अतिक्रमण प्रभारी तोड़ने पहुंच जाते हैं। सड़क किनारे गुमटी लगाने वाले गरीबों से भी अवैध वसूली की जा रही है। कांग्रेस सिर्फ दिखावा ही कर रही है। देवांगन ने कहा कि यह सब काम कांग्रेसी महापौर और उनके आकाओं के इशारे पर ही होता है। निगम के अधिकारियों को जनता को लूटने की खुली छूट दे रखी है। निगम में बिना सेवा शुल्क के कोई काम नहीं होता। टैक्स वसूली के नाम पर व्यापारियों को भी परेशान होना पड़ रहा है। नियमितीकरण और टैक्स वसूली के नाम पर जो लूट मची है वह शहर में कभी नहीं हुआ। जनता के टैक्स का किस तरह दुरुपयोग किया जा रहा है उसे सभी देख रहे हैं। भाजपा प्रत्याशी ने कहा कि इस बार कांग्रेस को सबक सिखाने का मौका मिला है। जनता इस बार अवैध वसूली का जरूर जवाब देगी।