“4 फर्जी पुत्र” 17 साल से एसईसीएल में कर रहे थे नाैकरी, ओरिजनल बेराेजगार घुमता रहा
वर्षाे लगाई पुलिस से फरियाद, अब हुआ सभी आराेपी के विरूद्ध धाेखाधड़ी का अपराध कायम

काेरबा। बालकाेनगर थाना के भदरापारा का युवक आकाश कुमार दिव्या के पिता कलेश्वर दिव्या की माैत हाे चुकी है। कलेश्वर की पैतृक जमीन कटघाेरा तहसील के सिरकी गांव में था। जाे खाता नंबर 69 खसरा नंबर 135 कुल रकबा 16.45 एकड़ भूमि था। करीब 2 दशक पहले एसईसीएल दीपका परियोजना के द्वारा अधिग्रहण किया गया। तब आकाश कुमार व उसके भाई-बहन नाबालिग थे। इस दाैरान कूटरचित दस्तावेज के सहारे बृजलाल भारद्वाज निवासी ग्राम चाकाबूडा, मनहरण लाल नारंग निवासी सिरकी, मधुकर प्रसाद निवासी प्रेमनगर-सुराकछार व स्व. केजऊ भारद्वाज का पुत्र अवधेश कुमार भारद्वाज निवासी चाकाबूडा जाे कलेश्वर दिव्या के फर्जी पुत्र बन गए। जाे फर्जी तरीके से वर्ष 1995 से एसईसीएल गेवरा परियोजना में नौकरी कर रहे थे। कलेकश्वर दिव्या की बाद में माैत हाे गई। बच्चे जब बालिग हुए ताे वे अधिग्रहित जमीन के बदले नाैकरी के लिए गए ताे उन्हें उक्त लाेगाें ने जान से मारने की धमकी दी। हकदार हाेकर भी बेराेजगार बनकर घुम रहे आकाश कुमार ने उक्त व्यक्तियाें के कृत्य से परेशान हाेकर पुलिस-प्रशासन से फरियाद लगाई। वर्षाे तक वह दीपका थाना में पहुंचकर फरियाद करता रहा। लेकिन उसकी शिकायत पर जांच-पड़ताल के बहाने प्रभारी लाल हाेते रहे। अब जाकर मामले में चाराें आराेपी बृजलाल भारद्वाज, मनहरण लाल नारंग, मधुकर प्रसाद व अवधेश कुमार भारद्वाज के खिलाफ धाेखाधड़ी का अपराध कायम किया गया है।